रविवार, अप्रैल 19, 2009

भिण्‍ड जिला पंचायत सीईओ निलंबित, डयूटी ज्वाईन करने से झाड़ा था पल्ला

भिण्‍ड जिला पंचायत सीईओ निलंबित, डयूटी ज्वाईन करने से झाड़ा था पल्ला

 

Bhopal:Friday, April 17, 2009

राज्य शासन ने उसके आदेश की अवहेलना कर डयूटी ज्वाईन नहीं करने वाले जिला पंचायत सागर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। आज इस सिलसिले में आदेश जारी कर दिए गए।

राज्य शासन ने इस मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीनिवास शर्मा का गत 23 मार्च को एक आदेश जारी कर इसी क्षमता में भिण्ड जिला पंचायत में तबादला किया था। उन्हें भिण्ड में ही विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 10 का इसी आदेश के तहत पदेन सहायक रिटर्निंग अफसर भी बनाया गया था। लापरवाह सीईओ ने इस आदेश की अवहेलना की और चुनाव जैसे महत्वपूर्ण काम की जिम्मेदारी से भी किनारा कर लिया। उन्होंने डयूटी ज्वाईन ही नहीं की।

राज्य शासन ने सीईओ के इस कृत्य को घोर अनुशासनहीनता बताते हुए उन्हें सस्पेंड किया है। उनके खिलाफ यह कार्रवाई म.प्र. सिविल सेवा नियम के तहत की गई है। राप्रसे के इस अधिकारी को निलंबन के दौर में संभागीय आयुक्त जबलपुर के मुख्यालय में रखा गया है।

 

आयुक्त और आईजी ने की तैयारियों की समीक्षा

आयुक्त और आईजी ने की तैयारियों की समीक्षा

भिण्ड 18 अप्रैल 2009

 

·                     पुलिस महानिरीक्षक श्री अरविन्द कुमार ने कहा है कि जिले में रेत के अवैध उत्खनन को कडाई से रोका जावे संबंधित थाना प्रभारी कठोर कार्यवाही करें, उन्होने स्पष्ट किया कि अवैध उत्खनन पाये जाने पर सिंध और चम्बल नदी क्षेत्र के थाने ऊमरी, भारौली, रौन, अमायन व फूफ के विरूद्व अनुशानात्मक कार्यवाही की जावेगी।

·                     पुलिस द्वारा रात्रि गश्त को और अधिक प्रभावी बनाया जावेगा।

 

 

       लोकसभा निर्वाचन 2009 को निष्पक्ष और निर्भिक ढंग से सम्पन्न कराने हेतु जिला व प्रशासन द्वारा की गई तैयारियों की समीक्षा बैठक आज संभागायुक्त श्री एसडी अग्रवाल की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। बैठक में तैयारियों को और अधिक कारगर बनाने पर विचार किया गया इस अवसर पर पुलिस महानिरीक्षक चम्बल रेंज श्री अरविन्द कुमार, उप महानिरीक्षक श्री आरबी शर्मा, भारत निर्वाचन आयोग के प्रेक्षक श्री सीके मिश्रा, कलेक्टर श्री सुहेल अली,पुलिस अधीक्षक श्री अभय सिंह सहित प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे।

       संभागायुक्त श्री अग्रवाल ने कहा कि निष्पक्ष व र्निविवाद रूप से चुनाव सम्पन्न करने की जिम्मेदारी पुलिस व जिला प्रशासन पर रहती है। इसके लिये सभी आवश्यक कदम उठाये जाने की आवश्यकता है। उन्होनें कहा कि जिला स्तर से थाने स्तर तक के अधिकारी ग्रामीण क्षेत्रों में नियमित रूप से निर्माण करें ग्रामीणों को निर्भिक रूप से मतदान के विषय में समझाइस देवें। उन्होने कहा कि आदर्श आचार सहिता के विषय में भी ग्रामीण क्षेत्रों में बताये जाने की आवश्यकता है। श्री अग्रवाल ने कहा कि निर्वाचन आयोग द्वारा निष्पक्ष मतदान हेतु अनेक कदम उठाये गये है जिनके तहत क्रिटिकल व बल्नेविल मतदान केन्द्रों को सूचीबद्व कया गया है। इन केन्द्रो पर माइक्रो आब्जर्वर तथा बीडियों कैमरे लगाये जाने की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है। प्रत्येक केन्द से घटना व दुघर्टना की सूचना तुरंत प्राप्त हो सके। उसके लिये जिले का कम्युनिकेशन प्लान भी तैयार किया गया है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिये कि बूथ कैप्चरिंग की घटनाओं को किसी भी तरह से स्वीकार नही किया जावेगा। इसे कढाई से रोका जावे।

       पुलिस महानिरीक्षक श्री अरविन्द कुमार ने कहा कि विधानसभा चुनावों के अनुभवों का लाभ लोकसभा चुनावों में घटना व दुघर्टना को रोकने के लिये उठाया जावे। मतदान केन्द्रों पर तोडफोड व कैप्चरिंग की घटनाएें अधिकतर मतदान समाप्ति के समय होना पाया गया है अत: इस समय विशेष सर्तकता बरतने की आवश्यकता है। उन्होने स्पष्ट किया कि लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र आरक्षित हो जाने के उपरांत भी उसकी संवेदनशीलता भी बरकरार है। अधिकारी पूर्ण सजगता व ईमानदारी के साथ कर्तव्यों का निर्वाहन करें। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बदाश्त नही की जावेगी। पुलिस महानिरीक्षक ने गत दिनों गोहद विधानसभा क्षेत्र में हुई दुघर्टना पर चिंता व्यक्त की तथा सभी पुलिस अधिकारियों को आगाह किया कि राजनैतिक दल के प्रत्याशियों व वरिष्ठ नेताओं की सुरक्षा हमारी नैतिकता है इसमें किसी भी प्रकार की चूक नही होना चाहिए। उन्होने  बताया  कि  निर्वाचन  आयोग द्वारा सभी प्रत्याशियो को एक एक अतिरिक्त सुरक्षा गार्ड मुहैया कराने के निर्देश दिये गये है। जिनका पालन भी सुनिश्चित किया जावे। श्री अरविन्द कुमार ने गडबडी पहुंचाने की आशंका वाले व्यक्तियों के विरूद्व की गई प्रतिबंधात्मक कार्यवाही की गुणवत्ता में सुधार की आवश्यकता बतलाई तथा सभी थाना प्रभारियों को स्पष्ट निर्देश दिये कि अगर उनके थाना क्षेत्र का कोई भी गिरफ्तारी बारंटी अगर मतदान करता मिलता है तो संबंधित थाना प्रभारियों की चूक मानी जावेगी। ऐसे बारंटियों को चिन्हित करने के लिये मतदान केन्द्रों पर उनकी पृथक से सूची रखने पर यह विचार किया जावेगा। उन्होंने बताया कि लोकसभा चुनाव के लिये भिण्ड जिले की सीमा सुरक्षाबल के जबान प्राप्त होगे । यह बल 25 अप्रैल तक जिले में पहुंच जायेगा।

       पुलिस महानिरीक्षक श्री शर्मा ने कहा कि शांतिपूर्ण मतदान सम्पन्न कराने में मैदानी अधिकारियों की महति भूमिका होती है। उनके द्वारा मतदान से पूर्व की गई कार्यवाईयों के फलस्वरूप ही मतदान शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न हो पाता है। उन्होने अधिकारियों को दबाव मुक्त वातावरण में काम करने की सलाह दी तथा सूचना तंत्र को मजबूत करने व सूचनाओं पर कार्यरत पहल की हिदायत भी दी। उन्होने कहा कि एसडीओपी व थाना प्रभारी गांव का भ्रमण करें तथा ग्रामीणों से चर्चा कर क्षेत्र की संबेदनशीलता के बारे में जानकारी प्राप्त करें। उन्होंने कहा कि ऐतिहाति कार्यवाहियों के दौरान भले व शरीफ व्यक्तियों को अनावश्यक परेशान न किया जावे तथा अपराधिक प्रवृत्ति लोगों के खिलाफ कठोर कार्यवाही करें। उन्होंने कहा कि  बोर्डर शीलिंग हेतु चैक पोस्ट उपयुक्त जगह पर बनाए जावे। मतदान वाले दिवस मोबाईल पार्टी नियमित रूप से भ्रमण करें।

       बैठक के प्रारंभ में पुलिस अधीक्षक श्री अभय सिंह ने जिले में उठाये गये एतिहातिक कदम की तैयारियों के विषय में बतलाया।

 

फायदेमन्द है पपीता की खेती

फायदेमन्द है पपीता की खेती

Article By: Regional Public Relations Office- Gwalior Region

 

पपीता उगाने से कृषको को अल्प अवधि में आर्थिक लाभ मिलता है। घर के आंगन में दो-तीन पौधे उगाने से जहाँ दैनिक आहार की पूर्ति होती है वहीं खेती के खाली स्थान की मेड़ों में एवं जहां सिंचाई साधन उपलब्ध हो कृषकों को पपीते की व्यवसायिक खेती से पर्याप्त आमदनी हो सकती है। बड़वानी लाल व पीला, हनीडयू, सिलोना, पूसा डिलिसियस, रांची, कोयम्बटूर-2,3,5,6 एवं पूसा ज्वाइंट तथा पूसा नन्हा मुख्य उन्नत किस्में हैं।

       एक हैक्टेयर के लिये 500 ग्राम से एक किलो बीज की आवश्यकता होती है। 2 बाई 2 मीटर की दूरी पर आधा मीटर लम्बा, चौड़ा, गहरा गड्डा बनाकर 20 किलो गोबर खाद, 500 ग्राम सुपर फास्फेट, 250 ग्राम म्यूरेट ऑफ पोटाश को मिट्टी में मिलाकर पौधा लगाने से दस दिन पूर्व भर दें। जिस भूमि में दीमक लगती हो वहां प्रति गड्डा 25 ग्राम 5 प्रतिशत एल्ड्रिन चूर्ण मिट्टी में मिला दें। एक हेक्टर खेत में प्रति गड्डा 2 पौधा लगाने पर 5000 पौधे लगेंगे। कुछ कृषकों के द्वारा खेतों में पौध न लगाकर सीधे बीज डालने के भी अच्छे परिणाम मिले हैं अत: इस क्रिया को भी अपनाना चाहिये।

       पपीते के एक पौधे को वर्ष भर में 250 ग्राम नत्रजन, 250 ग्राम स्फुर एवं 500 ग्राम पोटाश देना चाहिये, इसे 6 बराबर भागों में बाँटकर प्रति 2 माह के अंतर से देना चाहिये, इस प्रकार एक बार में 90 ग्राम यूरिया, 250 ग्राम सिंगल सुपर फास्फेट और 125 ग्राम म्यूरेट ऑफ पोटाश बने हुए थालों में मिट्टी मिलाकर दें और सिंचाई करें।

       पपीते के पौधे 90 से 100 दिन के अंदर फूलने लगते हैं नर फूल छोटे-छोटे गुच्छों से लम्बे डन्ठल युक्त होते हैं। 100 मादा पौधे के लिये 5 से 10 नर पौधे छोड़कर शेष पौधों को उखाड़ देना चाहिये। पौधों को रस चूसक कीड़े - माहूं, फुदका, सफेद मक्खी से बचाने के लिये फोरेट 10 दानेदार दवा 4 किलो प्रति हेक्टेयर के हिसाब से मिलायें दूसरे अन्य कीड़ों से रक्षा के लिये फल तोड़ने के समय को छोड़कर 15 दिन में 0.05 मैलाथियान दवा का छिड़काव करें। फ्रूट एवं स्टेम राट जैसी बीमारियों से बचाने के लिये पपीते के पौधों के तनों के पास पानी न जमने दें, जिस भाग मे रोग लगा हो वहां चाकू से खुरच कर बोर्डो पोस्ट भर दें। (450 ग्राम चूना, 450 ग्राम नीला थोथा, 4 लीटर पानी) तथा पाउडरी मिल्डयू से बचाव के लिय घूलनशील गंधक 0.3 का छिड़काउ किया जाये।

       पपीता के पौधे पूरक फलों के रूप में अन्य फलों के उद्यान में, सिंचाई नालियों तथा प्रक्षेत्र की सड़क तथा मेड़ों पर लगाये जाते हैं। इसकी फसल स्वतंत्र उद्यान के रूप में भी लगाई जाती है। स्वतंत्र उद्यान के रूप लगाई फसल के बीच में अंतर फसल के रूप में प्रथम 6 माह तक टमाटर, मैथी, धनियाँ, पालक, मिर्च, मटर आदि फसलें उगाईं जा सकती हैं। जिसके लिये अलग से खाद देनी चाहिये। पपीता फल से पपेन निकालने के लिये 75 से 90 दिन की आयु वाले विकसित कच्चे फलों में स्टील के धारदार चाकू से लम्बवत चीरा लगा दें इनसे दूध निकलता है जिसे एल्युमीनियम ट्रे में एकत्रित कर उसमें 5 ग्राम सोडियम या पोटेशियम मेटाबाई सल्फाईड मिलाकर ठण्डे स्थान में भंडारित करते हैं। फिर इस एकत्रित दूध को बैक्यूम शेल्फ ड्रायर या सोलर ड्रायर या सूर्य के प्रकाश में 500  डिग्री से ग्रे. तापक्रम पर एक घण्टे तक सुखा कर बोतलों में पैक कर दिया जाता है। इस प्रकार तैयार किया जाने वाला पपेन पूर्णतया स्वच्छ वातावरण में तैयार किया जाना चाहिये। पपेन, पपीता उद्यान से अतिरिक्त आय देता है। पपेन निकालने के पश्चात फलों के पोषक तत्वों में कोई हानि नहीं होती हैं।

पपीते की खेती की अनुमानित लागत, उत्पादन एवं आमदनी इस प्रकार है

भूमि की तैयारी-1400/-रूपये गड्डा खुदाई एवं भराई-7500/-रू. फल पौधों की कीमत-800/-रू. पौधों की स्केटिंग- 500/-रू. खाद एवं उर्वरक- 7500/-रू सिंचाई- 3000/-रू. पौध संरक्षण- 750/-रू. अन्तराशस्य- 600/-रू. अन्य - 500/-रू. इस प्रकार एक हेक्टेयर पर अनुमानित लागत 22,500/- रूपये। अब आमदनी की गणना की जाये तो प्रति हेक्टेयर आसत उत्पादन 45 टन, बाजार भाव 2000 रूपये प्रति टन की दर से मूल्य - 90000। अत: प्रति हेक्टेयर शुध्द आय - 67,450 रूपये होगी। है न फायदे का सौदा।

 

गुरुवार, अप्रैल 16, 2009

मतदान और निर्वाचन कार्य में लगे कर्मचारियों को मतदान की सुविधा

मतदान और निर्वाचन कार्य में लगे कर्मचारियों को मतदान की सुविधा

चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र और डाक मतपत्र के विषय में निर्देश जारी

भिण्ड 16 अप्रैल 2009

       मतदान तथा चुनाव कार्य में लगे कर्मचारियों तथा अधिकारियों को डाक मतपत्र के माध्यम से अपने मताधिकार का उपयोग करने की सुविधा तथा चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र देने के संबंध में चुनाव आयोग ने विस्तृत निर्देश जारी किये हैं। यदि किसी कर्मचारी की ऐसे मतदान केन्द्र पर डयूटी लगी हो, जो उसी संसदीय क्षेत्र का मतदाता हो तो उसे चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र दिया जाएगा ताकि इसके आधार पर वह व्यक्तिगत रूप से उसी मतदान केन्द्र पर अपने मताधिकार का उपयोग कर सके।

       इसी तरह, यदि किसी कर्मचारी को ऐसे संसदीय क्षेत्र में जोनल मजिस्ट्रेट अथवा सेक्टर अधिकारी के रूप में तैनात किया गया हो, जहाँ का वह मतदाता है, तो उसे भी चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र दिया जाएगा, ताकि उसके जोन/ सेक्टर के किसी भी मतदान केन्द्र में वह अपने मताधिकार का उपयोग कर सके। इसके लिए, निर्वाचन क्षेत्र का रिटर्निंग अफसर निर्णय करेगा कि वह सेक्टर ऑफिसर/ जोनल आफिसर किस मतदान केन्द्र में वोट डाले। वह तद्नुसार उसे चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र जारी करेगा। चुनाव डयूटी में लगा अथवा आरक्षित रखा गया कोई कर्मचारी चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र सुविधा का उपयोग करेगा या डाक मतपत्र का, इसका निर्णय पहले रेण्डमाइजेशन के तत्काल बाद लिया जाएगा, क्योंकि तब संसदीय क्षेत्र के बाहर तैनात होने वाले कर्मचारियों की संख्या पता लगा जाएगी।संसदीय क्षेत्र के बाहर तैनात किये जाने वाले मतदान अमले और चुनाव डयूटी वाले व्यक्तियों को डाक मतपत्र सुविधा दी जायेगी। उनके डाक मतपत्र सुविधा केन्द्र के संबंध में समन्वय का कार्य उस जिले का जिला निर्वाचन अधिकारी करेगा, जहाँ वह कर्मचारी मतदाता के रूप में पंजीकृत है। तीसरे रेण्डमाइजेशन के तुरंत बाद मतदानकर्मियों को वितरण के लिए चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र तैयार किये जाएंगे।

       जिन कर्मचारियों को माइक्रो ऑब्जर्वर के रूप में भी तैनात किया जाता है, उन्हें भी चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र उसी संसदीय क्षेत्र में दिये जाएंगे जहाँ के वे मतदाता हैं। उन्हें ये प्रमाण पत्र मतदान केन्द्र आवंटन के तुरंत बाद दे दिये जाएंगे। यदि किसी कर्मचारी को ऐसे संसदीय क्षेत्र के बाहर स्थित मतदान केन्द्र अथवा क्षेत्र में तैनात किया जाता है, जहाँ वह मतदाता के रूप में दर्ज हो, तो उसे डाक मतपत्र सुविधा दी जाएगी। उसे फार्म-12 जारी करने तथा मताधिकार की सुविधा के लिए केन्द्र निर्धारित करने का दायित्व उस संसदीय क्षेत्र के रिटर्निंग अफसर का होगा, जिसमें संबधित कर्मचारी मतदाता के रूप में दर्ज है। रिजर्व के रूप में रखे गये मतदानकर्मियों के मामले में, रिटर्निंग अफसर निर्णय करेगा कि वे अपने चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र का उपयोग करते हुए किन मतदान केन्द्रों पर अपने मताधिकार का उपयोग करेंगे। ऐसा इसलिए होगा, क्योंकि उन्हें पहले से कोई मतदान केन्द्र आवंटित नहीं किया जाता है।मतदान केन्द्र पर पीठासीन अधिकारी पोलिंग एजेन्टों को यह बताएंगे कि चुनाव डयूटी प्रमाण पत्र के आधार पर कितने कर्मियों को उस मतदान केन्द्र पर मत डालने की सुविधा प्रदान की गयी है।

 

मतदान दलों का द्वितीय प्रशिक्षण 20 अप्रैल को प्रशिक्षण में वोटर आइडी नम्बर अवश्य लावे

मतदान दलों का द्वितीय प्रशिक्षण 20 अप्रैल को प्रशिक्षण में वोटर आइडी नम्बर अवश्य लावे

भिण्ड 16 अप्रैल 2009

       भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार लोकसभा निर्वाचन 2009 के शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से आयोजन हेतु मतदान दलों का द्वितीय प्रशिक्षण 20 अप्रैल 09 को आयोजित किया जावेगा। इस प्रशिक्षण में पीठासीन अधिकारी व मतदान अधिकारी क्रमांक एक के साथ साथ क्रमांक दो को भी प्रशिक्षण में भाग लेना अनिवार्य किया गया है। प्रशिक्षण में कर्मचारी वोटर आइडी नम्बर के साथ उपस्थित होगें। मतदान दलों का प्रशिक्षण हेतु सभी तैयारियां कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री सुहेल अली के निर्देश पर पूर्ण कर ली गई है।

       उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री अनिल चांदिल से प्राप्त जानकारी के अनुसार भिण्ड दतिया संसदीय क्षेत्र के अन्तर्गत भिण्ड जिले की पॉच विधानसभा क्षेत्रों हेतु मतदान दलों का प्रशिक्षण भिण्ड जिले में तथा दतिया जिले की तीन विधानसभा क्ष्ैेंत्रों के मतदान दलों का प्रशिक्षण दतिया जिले में आयोजित किया जावेगा। श्री चांदिल ने बताया कि भिण्ड जिले की पॉच विधानसभा क्षेत्रों की 1129 मतदान केन्द्रों हेतु मतदान दल का द्वितीय प्रशिक्षण 20 अप्रैल 09 को किया जावेगा। निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार 20 प्रतिशत रिजर्व पार्टी के मतदान कर्मियों को भी प्रशिक्षित किया जावेगा।

       श्री चांदिल ने बताया कि विधानसभा क्षेत्र भिण्ड के मतदान दलों का प्रशिक्षण एमजेएस महाविद्यालय तथा शासकीय बालक उत्कृष्ट विद्यालय क्रमांक एक में आयोजित किया जावेगा। इसीप्रकार विधानसभा क्षेत्र अटेर के मतदान कर्मियों का प्रशिक्षण भी भिण्ड शहर की नगर पालिका भवन व डाइट विद्यालय परिसर में आयोजित किया जावेगा। विधानसभा क्षेत्र गोहद में मतदान दलों का प्रशिक्षण सार्पेज विद्यालय तथा शासकीय महाविद्यालय गोहद एवं शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गोहद, विधानसभा क्षेत्र के मतदान दलों का प्रशिक्षण शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय तथा शासकीय महाविद्यालय मेहगांव में आयोजित होगा। विधानसभा क्षैत्र लहार के मतदान दलों का प्रशिक्षण शासकीय महाविद्यालय लहार तथा शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय लहार में आयोजित किया जावेगा। उन्होंने बताया कि मतदान दलों के प्रशिक्षण के दौरान सभी जोनल अधिकारी उपस्थित रहेगें। मतदान प्रशिक्षण कार्यक्रम की संपूर्ण व्यवस्था संबंधित एसडीएम द्वारा सुनिश्चित की जावेगी।

 

निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने के कारण दो कर्मचारी निलंबित

निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने के कारण दो कर्मचारी निलंबित

भिण्ड 16 अप्रैल 2009

       कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री सुहेल अली ने लोकसभा निर्वाचन 2009  कार्य में लापरवाही बरतने  के कारण दो कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया  है।

       कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री सुहेल अली से प्राप्त जानकारी के अनुसार श्री अनिल कमार सोनी सहायक ग्रेड-3 कलेक्ट्रेट भिण्ड की डयूटी विभिन्न राजनैतिक दलों के विशिष्ट राजनैताओं के भिण्ड जिले में भ्रमण आने हेतु कोर्डिनेट्स राजनैतिक दलों के कार्यालयो को भिजवाने हेतु लगाई गई थी। श्री सोनी उक्त कार्य को न करते हुये 14 एवं 15 अप्रैल 09 को मुख्यालय पर न रहकर ग्वालियर में रहे । इसीप्रकार अनुविभागीय अधिकारी लोक निर्माण विभाग संचारण एवं संधारण उपखण्ड भिण्ड के प्रतिवेदन में बताया गया कि श्री सूरत राम सहायक ग्रेड-3 आचार संहिता लागू होने व अवकाश प्रतिबंधित होने के बावजूद दिनांक 6 अप्रेल से 12 अप्रैल तक अवकाश पर रहे। इसप्रकार उनके द्वारा आचार संहिता का उल्लघन किया गया तथा इनके द्वारा अवकाश पर रहने से शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न हुई। निर्वाचन जैसे, महत्वपूर्ण कार्य मे लापरवाही व उदासनता बरतने के कारण श्री अनिल कमार सोनी एवं श्री सूरतराम  को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलम्बन अवधि में श्री सोनी का मुख्यालय जिला पंचायत भिण्ड एवं श्री सूरतराम का मुख्यालय कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी लोकनिर्माण विभाग गोहद में रखा गया है।

 

आमसभा, जुलूस व लाउडस्पीकर उपयोग की अनुमति एसडीएम देगें

आमसभा, जुलूस व लाउडस्पीकर उपयोग की अनुमति एसडीएम देगें

भिण्ड 16 अप्रैल  2009

       कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री सुहेल अली द्वारा लोकसभा  निर्वाचन 2009 के दौरान राजनैतिक दलों को प्रचार कार्य हेतु आमसभा, जुलूस, ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग की अनुर्मैत हेतु अनुविभागीय दण्डाधिकारियों को अधिकृत किया गया है।

       अनुविभाग गोहद के लिये श्री एमके माथुर, अनुविभाग मेहगांव के लिए श्री एसके मिश्रा, अनुविभाग लहार के लिये श्री एसके दुबे, अनुविभाग भिण्ड के लिए श्री डीआर कर्रे तथा अनुविभाग अटेर के लिये श्री अमरीश श्रीवास्तव को मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार अनुमति प्रदान करने के लिए निर्देश दिए गये है।

 

जिले में 5 विधानसभाओं के लिये 5 उपखण्ड मजिस्ट्रेट व 25 सेक्टर मजिस्ट्रेट नियुक्त

जिले में 5 विधानसभाओं के लिये 5 उपखण्ड मजिस्ट्रेट व 25 सेक्टर मजिस्ट्रेट नियुक्त

भिण्ड 16  अप्रैल 2009

       कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री सुहेल अली द्वारा लोकसभा निर्वाचन  2009 के सुचारू व निर्विघ्न रूप से आयोजन हेतु पॉच उपखण्ड मजिस्ट्रेट एवं 25 सेक्टर मजिस्ट्रेटों की नियुक्ति कर दी गई है।

       श्री अली ने लोकसभा निर्वाचन 2009 मतदान के दौरान कानून व्यवस्था को बनाये रखने के लिए 25 सेक्टर मजिस्ट्रेट तथा 5 उप खण्ड मजिस्ट्रेट भी नियुक्त किए गये है। उन्होंने बताया कि सेक्टर मजिस्ट्रेट में विधानसभा क्षेत्र 9 अटेर में श्री एसएल दौहरे तहसीलदार अटेर, श्री अरविन्द्र बाजपेयी नायब तहसीलदार भिण्ड, श्री ज्ञानस्वरूप पटेल नायब तहसीलदार टप्पा सुरपुरा, श्री ब्रम्हस्वरूप हंस सीईओ जनपद पंचायत अटेर,श्री सुरेश श्रीवास्तव सहायक अधीक्षक भू अभिलेख।

       विधानसभा क्षैत्र 10 भिण्ड में श्री केआर चौकीकर तहसीलदार भिण्ड, श्री अशोक सेन अतिरिक्त तहसीलदार भिण्ड, श्री आरएन मिश्रा अधीक्षक भू अभिलेख, श्री नवनीत भसीन नायबत तहसीलदार भिण्ड।

विधानसभा क्षेत्र 11-लहार में जेपी जाटव तहसीलदार लहार,श्री मोहन सिंह परिहार तहसीलदार रौन, एक गर्ग तहसीलदार मिहोना, श्री मगन सिह कनेश मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद लहार, श्री देवनारायण त्रिवेदी नायब तहसीलदार दबोह, केएम दीक्षित सहायक अधीक्षक भू अभिलेख भिण्ड।  

विधानसभा क्षैत्र 12-मेहगांव में  सतोष तिवारी तहसीलदार मेहगांव,श्री मिलिन्द ढोके अतिरिक्त तहसीलदार मेहगांव,श्री देवसिंह तोमर सहायक अधीक्षक भू अभिलेख भिण्ड, श्री एचबी अजारिया सहायक अधीक्षक भू अभिलेख भिण्ड।

विधानसभा क्षैत्र 13-गोहद में श्री अनिल कमार तिवारी तहसीलदार गोहद, श्रीमती नीना गौर अतिरिक्त तहसीलदार गोहद, श्री सर्वेश यादव नायब तहसीलदार गोहद, श्री जेकेएस गुर्जर नायब तहसीलदार गोहद,श्री फूलसिंह जादौन सहायक अधीक्षक भू अभिलेख गोहद।

उपरोक्त सेक्टर मजिस्ट्रेट अपने क्षेत्र में शांतिपूर्ण स्वतंत्र निष्पक्ष एवं निविघ्न आदर्श  आचरण संहिता के क्रियान्वयन एवं सम्पत्ति विरूपण अधिनियम की रोकथाम हेतु पर्णत: उत्तरदायी होगें। उक्त सेक्टर मजिस्ट्रेटों के अतिरिक्त अधोलिखित उपखण्ड मजिस्ट्रेट अपने अपने क्षेत्र में निष्पक्ष एवं निर्विघ्न स्वतंत्र एवं शांतिपूर्ण मतदान हेतु उत्तरदायी रहेगें।

विधान सभा क्षेत्र 9-अटेर में अम्बरेश श्रीवास्तव अनुविभागीय दण्डाधिकारी, 10- भिण्ड में श्री डीआर कर्रे, अनुविभागीय दण्डाधिकारी, 11-लहार में श्रुतिवन्त दुबे अनुविभागीय दण्डाधिकारी, 12-मेहगांव में एसके मिश्रा अनुविभागीय दण्डाधिकारी, 13-गोहद श्री मनोज माथुर अनुविभागीय दण्डाधिकारी शामिल है।

 

भविष्य निधि अन्तिम भुगतान के देयक सात दिवस में कोषालय में प्रस्तुत किये जावे-कोषालय अधिकारी भदौरिया

भविष्य निधि अन्तिम भुगतान के देयक सात दिवस में कोषालय में प्रस्तुत किये जावे-कोषालय अधिकारी भदौरिया

भिण्ड 16 अप्रैल 2009

       सामान्य भविष्य निधि के अन्तिम भुगतान के प्राधिकार पत्र प्राप्त होने के सात दिवस में भुगतान हेतु देयक कोषालय में प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। इस आशय के निर्देश आयुक्त कोष एवं लेखा मध्यप्रदेश शासन द्वारा सभी जिला अधिकरियों को दिये गये है।

      जिला कोषालय अधिकारी श्री योगेन्द्र सिंह भदौरिया से प्राप्त जानकारी के अनुसार राज्य शासन द्वारा सामान्य भविष्य निधि के अन्तिम भुगतान के संबंध में निर्देश जारी किये गये है। जिसमें कहा गया है कि व्यवहार में यह देखने में आता है कि सामान्य भविष्य निधि के अन्तिम भुगतान हेतु महालेखाकार द्वारा जारी प्राधिकार पत्र की वैधता अवधि समाप्त होने के बाद विभागों द्वारा राशि का भुगतान किया जाता है। जिस पर शासन को अतिरिक्त व्याज का भुगतान अभिदाता को करना पडता है। जिससे शासकीय धन का अपव्यय होता है।

 

फर्जी शादी के कार्ड लगाकर निर्वाचन कार्य से छुटकारा पाने वालो के विरूद्व अभियान

फर्जी शादी के कार्ड लगाकर निर्वाचन कार्य से छुटकारा पाने वालो के विरूद्व अभियान

भिण्ड 16 अप्रैल 2009

       लोकसभा निर्वाचन में शादी के बहाने से निर्वाचन डयटी से बचने बालो के खिलाप कार्यवाई का मन कलेक्टर श्री सुहेल अली ने बना लिया है उन्होने बेटा बेटी या अन्य रिश्तेदार की शादी का बहाना वालो के कार्ड के जांच के निर्देश सभी एस डी एम को दिए है।

      कलेक्टर श्री सुहेल अली ने कहा कि लोकसभा निर्वाचन कार्य के लिए बडी संख्या में कर्मचारियों की अवश्यकता होती है लेकिन कुछ कर्मचारियों द्वारा निर्वाचन डयूटी से बचने के  लिए विभिन्न प्रकार के बहाने बनाये जाते है। जिसके परिणाम स्वरूप अनेक बार जरूरत मंद तथा वास्तविक समस्या रखने वाले कर्मचारी परेशान हो जाता है। लोकसभा निर्वाचन 113 कर्मचारियों द्वारा शादी के आवेदन 30 अप्रैल के आसपास की तिथियों मे विवाह समारोह आयोजन के आधार पर निर्वाचन डयूटी से मुक्ति हेतु आवेदन दिये गये है। आवेदन पत्रों के साथ संलग्न दी गई लग्न पत्रिकाओं व शादी के अनेक कार्डो  की वास्तविकता संदिग्ध प्रतीत होने पर सभी एसडीएम को निर्देश दिये है कि वह अपने अपने क्षेत्र के कर्मचारियों की शादी के कार्डो की बैधता के संबंध में जांच कर तीन दिवस में रिपोर्ट प्रस्तुत करें। जिन कर्मचारियों के आवेदन फर्जी पाये जायेगें उनको सेवा से पृथकीकरण की कार्यवाही की जावेगी।

 

मंगलवार, अप्रैल 14, 2009

व्‍यंग्‍य - चुनाव में उम्मीदवारों के लिए ऐसा हो फॉर्म

व्‍यंग्‍य - चुनाव में उम्मीदवारों के लिए ऐसा हो फॉर्म
6 Apr 2009, 1832 hrs IST,
नवभारतटाइम्स.कॉम  

 

दिल्‍ली से प्रकाशित नवभारत टाइम्‍स ने एक मजेदार व जोरदार चीज छापी है, हम इसे यहॉं साभार उद्धृत कर रहे हैं । हालांकि हमारी समझ से इसमें दो एक कालम और जोड़ने चाहिये थे मसलन चमचा गिरी का अनुभव और हॉं जी हॉं लगातर बोल पाने के क्षमता, दल बदलने का आवृत्ति काल वगैरह । नीचे यह यथावत साभार उद्धृत है -  

 

तमाम विरोधों के बावजूद इस बार भी आपराधिक बैकग्राउंड वाले कई उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। पार्टियों ने भी बस वोट बटोरने के लिए आंख मूंदकर ऐसे लोगों को टिकिट थमा दिए हैं। अब जब चुनाव में ऐसे उम्मीदवारों की भरमार हो तो, उनके लिए फॉर्म भी कुछ अलहदा होना चाहिए ! हमारे एक पाठक ने लोकसभा चुनाव के उम्मीदवारों के लिए एक ऐसा ही फॉर्म बना डाला। जरा गौर फरमाइए इस फॉर्म पर...

 

लोकसभा चुनाव के उम्मीदवारों के लिए फॉर्म

1. उम्मीदवार का नाम

2. वर्तमान पता

a. जेल का नाम

b. कोठरी नंबर

3. राजनीतिक पार्टी (पिछली पांच पार्टियों का नाम लिखें)

4. लिंग

a. पुरुष

b. महिला

c. इनमें से कोई नहीं

5. राष्ट्रीयता

a. इटैलियन

b. भारतीय

6. पिछली पार्टी छोड़ने का कारण (एक या उससे ज्यादा ऑप्शन चुन सकते हैं)

a. दलबदल किया

b. निकाले गए

c. मुझ खरीद लिया

d. इनमें से कोई नहीं

e. उपरोक्त सभी

7. चुनाव लड़ने का कारण (एक या उससे ज्यादा ऑप्शन चुन सकते हैं)

a. पैसा कमाने के लिए

b. कोर्ट केस से बचने के लिए

c. ताकत के बेजा इस्तेमाल के लिए

d. जनता की सेवा के लिए

e. मुझे पता नहीं

* यदि आपने चौथा ऑप्शन चुना है तो सरकार से मान्यता प्राप्त मनोचिकित्सक से अपनी मानसिक स्थिति सामान्य होने का प्रमाणपत्र लगाएं

8. आपको जनसेवा का कितना तजुर्बा ह ?

a. 1-2 साल

b. 2-6 साल

c. 6-15 साल

d. 15 साल से ज्यादा

9. आपके खिलाफ लंबित आपराधिक मामलों का ब्यौरा दें (इसका जवाब लिखने के लिए आप जितने चाहें उतने पन्ने अलग से लगा सकते हैं)

10. आपने जेल में कितने साल बिताए है ? ( सवाल नं. 8 से यह अलग है)

a. 1-2 साल

b. 2-6 साल

c. 6-15 साल

d. 15 साल से ज्यादा

10. क्या आप किसी वित्तीय घोटाले में शामिल है ?

a. क्यों नहीं

b. बेशक

c. जी हां

d. मैं इससे इनकार करता हूं

e. इसमें विदेशी साजिश का हाथ है

11. भ्रष्टाचार से आपकी सालाना आमदनी कितनी ह ?

a. 100-500 करोड़

b. 500-1000 करोड़

c. गिनना मुश्किल है

( ृपया हवाला आदि से विदेशी मुद्रा में हुई आमदनी को रुपये में लिखें)

13. क्या भारत के विकास के लिए आपके पास कोई योजना ह ?

a. नहीं

b. नहीं

c. नहीं

d. नहीं

14. अपनी उपलब्धि नीचे दिए गए ब्रैकिट में लिखें

(...........)

दस्तखत नहीं कर सकते तो यहां अंगूठा लगाएं